(दिनेश शर्मा) आजादी के बाद पहली बार 1952 में स्व. तुलसी नारायण मेहता की अध्यक्षता में पालिका बोर्ड का गठन हुआ शुरुआती दौर में पालिका मण्डल का कार्यकाल 3 वर्षीय होता था। राज्य में स्वतंत्र चुनाव आयोग नही होकर राज्य सरकार द्वारा ही स्वायतशासी निकाय एवम पंचायत राज के चुनाव करवाये जाते थे जिसके कारण…